दिनांक : 10 अक्टूबर 2020
दिनांक : 10 अक्टूबर 2020
आज का पंचांग
सूर्योदय का समय : प्रातः 06:19
सूर्यास्त का समय : सायं 05:57
चंद्रोदय का समय : रात्रि 12:04
चंद्रास्त का समय : दोपहर 01:33
तिथि संवत :-
दिनांक - 10 अक्टूबर 2020
मास - आश्विन (अधिक मास)
पक्ष - कृष्ण पक्ष
तिथि - अष्टमी शनिवार सायं 06:16 तक रहेगी
अयन - सूर्य दक्षिणायन
ऋतु - शरद ऋतु
विक्रम संवत - 2077
शाके संवत - 1942
सूर्यादय कालीन नक्षत्र :-
नक्षत्र - पुनर्वसु नक्षत्र रात्रि 01:18 तक रहेगा इसके बाद पुष्य नक्षत्र रहेगा
योग - शिव योग रात्रि 12:30 तक रहेगा इसके बाद सिद्ध योग रहेगा
करण - कौलव करण सायं 06:16 तक रहेगा इसके बाद तैतिल करण रहेगा
ग्रह विचार :-
सूर्यग्रह - कन्या
चंद्रग्रह - मिथुन
मंगलग्रह - मीन
बुधग्रह - तुला
गुरूग्रह - धनु
शुक्रग्रह - सिंह
शनिग्रह - मकर
राहु - वृष
केतु - वृश्चिक, राशि में स्थित है
राहुकाल (मध्यम मान के अनुसार ) :-
प्रातः 09:00 से 10:30 तक रहेगा
अभिजित मुहूर्त :-
प्रातः 11:45 से 12:31 तक रहेगा
विजय मुहूर्त :-
दोपहर 02:04 से 02:51 तक रहेगा
गोधूलि मुहूर्त :-
सायं 05:45 से 06:09 तक रहेगा
निशिता मुहूर्त :-
रात्रि 11:43 से 12:33 तक रहेगा
ब्रह्म मुहूर्त :-
प्रातः 04:41 (11 अक्टूबर) से 05:30 तक रहेगा
दिशाशूल :-
पूर्व दिशा की तरफ रहेगा यदि जरुरी हो तो घी खाकर यात्रा कर सकते है
चौघड़िया मुहूर्त :-
दिन का चौघड़िया
प्रातः 06:19 से 07:46 तक काल का
प्रातः 07:46 से 09:13 तक शुभ का
प्रातः 09:13 से 10:41 तक रोग का
प्रातः 10:41 से 12:08 तक उद्वेग का
दोपहर 12:08 से 01:35 तक चर का
दोपहर 01:35 से 03:02 तक लाभ का
दोपहर बाद 03:02 से 04:29 तक अमृत का
सायं 04:29 से 05:57 तक काल का चौघड़िया रहेगा
रात का चौघड़िया
सायं 05:57 से 07:29 तक लाभ का
रात्रि 07:29 से 09:02 तक उद्वेग का
रात्रि 09:02 से 10:35 तक शुभ का
रात्रि 10:35 से 12:08 तक अमृत का
अधोरात्रि 12:08 से 01:41 तक चर का
रात्रि 01:41 से 03:14 तक रोग का
प्रातः (कल) 03:14 से 04:47 तक काल का
प्रातः (कल) 04:47 से 06:20 तक लाभ का चौघड़िया रहेगा
तिथि संवत :-
दिनांक - 10 अक्टूबर 2020
मास - आश्विन (अधिक मास)
पक्ष - कृष्ण पक्ष
तिथि - अष्टमी शनिवार सायं 06:16 तक रहेगी
अयन - सूर्य दक्षिणायन
ऋतु - शरद ऋतु
विक्रम संवत - 2077
शाके संवत - 1942
सूर्यादय कालीन नक्षत्र :-
नक्षत्र - पुनर्वसु नक्षत्र रात्रि 01:18 तक रहेगा इसके बाद पुष्य नक्षत्र रहेगा
योग - शिव योग रात्रि 12:30 तक रहेगा इसके बाद सिद्ध योग रहेगा
करण - कौलव करण सायं 06:16 तक रहेगा इसके बाद तैतिल करण रहेगा
ग्रह विचार :-
सूर्यग्रह - कन्या
चंद्रग्रह - मिथुन
मंगलग्रह - मीन
बुधग्रह - तुला
गुरूग्रह - धनु
शुक्रग्रह - सिंह
शनिग्रह - मकर
राहु - वृष
केतु - वृश्चिक, राशि में स्थित है
राहुकाल (मध्यम मान के अनुसार ) :-
प्रातः 09:00 से 10:30 तक रहेगा
अभिजित मुहूर्त :-
प्रातः 11:45 से 12:31 तक रहेगा
विजय मुहूर्त :-
दोपहर 02:04 से 02:51 तक रहेगा
गोधूलि मुहूर्त :-
सायं 05:45 से 06:09 तक रहेगा
निशिता मुहूर्त :-
रात्रि 11:43 से 12:33 तक रहेगा
ब्रह्म मुहूर्त :-
प्रातः 04:41 (11 अक्टूबर) से 05:30 तक रहेगा
दिशाशूल :-
पूर्व दिशा की तरफ रहेगा यदि जरुरी हो तो घी खाकर यात्रा कर सकते है
चौघड़िया मुहूर्त :-
दिन का चौघड़िया
प्रातः 06:19 से 07:46 तक काल का
प्रातः 07:46 से 09:13 तक शुभ का
प्रातः 09:13 से 10:41 तक रोग का
प्रातः 10:41 से 12:08 तक उद्वेग का
दोपहर 12:08 से 01:35 तक चर का
दोपहर 01:35 से 03:02 तक लाभ का
दोपहर बाद 03:02 से 04:29 तक अमृत का
सायं 04:29 से 05:57 तक काल का चौघड़िया रहेगा
रात का चौघड़िया
सायं 05:57 से 07:29 तक लाभ का
रात्रि 07:29 से 09:02 तक उद्वेग का
रात्रि 09:02 से 10:35 तक शुभ का
रात्रि 10:35 से 12:08 तक अमृत का
अधोरात्रि 12:08 से 01:41 तक चर का
रात्रि 01:41 से 03:14 तक रोग का
प्रातः (कल) 03:14 से 04:47 तक काल का
प्रातः (कल) 04:47 से 06:20 तक लाभ का चौघड़िया रहेगा
