दिनांक : 21 अक्टूबर 2021

दिनांक : 21 अक्टूबर 2021

आज का पंचांग   


सूर्योदय का समय : प्रातः 06:26

सूर्यास्त का समय : सायं 05:45

 

चंद्रोदय का समय : सायं 06:20

चंद्रास्त का समय : प्रातः 06:50


तिथि संवत :-

दिनांक - 21 अक्टूबर 2021

मास - कार्तिक

पक्ष - कृष्ण पक्ष

तिथि - प्रतिपदा गुरुवार रात्रि 10:50 तक रहेगी

अयन -  सूर्य दक्षिणायन

ऋतु -  शरद ऋतु

विक्रम संवत - 2078

शाके संवत - 1943
 

सूर्यादय कालीन नक्षत्र :-

नक्षत्र - अश्विनी नक्षत्र सायं 04:17 तक रहेगा इसके बाद भरणी नक्षत्र रहेगा

योग - वज्र योग रात्रि 09:01 तक रहेगा इसके बाद सिध्दि योग रहेगा

करण - बालव करण प्रातः 09:17 तक रहेगा इसके बाद कौलव करण रहेगा

ग्रह विचार :-

सूर्यग्रह - तुला

चंद्रग्रह - मीन 

मंगलग्रह - कन्या

बुधग्रह - कन्या

गुरूग्रह - मकर

शुक्रग्रह - वृश्चिक

शनिग्रह - मकर

राहु - वृषभ

केतु - वृश्चिकराशि में स्थित है

* शुभ समय *

अभिजित मुहूर्त :-

प्रातः 11:43 से दोपहर 12:28 तक  रहेगा

सर्वार्थ सिध्दि योग :-

प्रातः 06:26 से सायं 04:17 तक  रहेगा

विजय मुहूर्त :-

दोपहर 01:59 से दोपहर 02:44 तक  रहेगा

गोधूलि मुहूर्त :-

सायं 05:34 से सायं 05:58 तक  रहेगा

निशिता मुहूर्त :-

रात्रि 11:40 से रात्रि 12:31 तक  रहेगा

ब्रह्म मुहूर्त :-

प्रातः 04:45 (22 अक्टूबरसे प्रातः 05:35 तक  रहेगा


* अशुभ समय * 

राहुकाल :-

दोपहर 01:30 से दोपहर 02:55 तक  रहेगा

गुलिक काल :-

प्रातः 09:15 से प्रातः 10:40 तक  रहेगा

यमगण्ड :-

प्रातः 06:26 से प्रातः 07:51 तक  रहेगा

दूमुहूर्त :-

प्रातः 10:12 से प्रातः 10:57 तक  रहेगा

दोपहर 02:44 से दोपहर 03:29 तक  रहेगा

वर्ज्य :-

प्रातः 11:55 से दोपहर 01:40 तक  रहेगा

रात्रि 02:57 से प्रातः 04:43 (22 अक्टूबर) तक  रहेगा

गण्ड मूल :-

प्रातः 06:26 से सायं 04:17 तक  रहेगा

दिशाशूल :-

दक्षिण दिशा की तरफ रहेगा यदि जरुरी हो तो तिल,गुड़ या गुड़ के चावल खाकर यात्रा कर सकते है

चौघड़िया मुहूर्त :-

दिन का चौघड़िया 

प्रातः 06:26 से 07:51 तक शुभ का

प्रातः 07:51 से 09:15 तक रोग का

प्रातः 09:15 से 10:40 तक उद्वेग का

प्रातः 10:40 से 12:05 तक चर का

दोपहर 12:05 से 01:30 तक लाभ का

दोपहर 01:30 से 02:55 तक अमृत का

दोपहर बाद 02:55 से 04:20 तक काल का

सायं 04:20 से 05:45 तक शुभ का चौघड़िया  रहेगा


रात का चौघड़िया

सायं 05:45 से 07:21 तक अमृत का

रात्रि 07:21 से 08:56 तक चर का

रात्रि 08:56 से 10:31 तक रोग का

रात्रि 10:31 से 12:06 तक काल का

अधोरात्रि 12:06 से 01:41 तक लाभ का

रात्रि 01:41 से 03:16 तक उद्वेग का

प्रातः (कल) 03:16 से 04:51 तक शुभ का

प्रातः (कल) 04:51 से 06:26 तक अमृत का चौघड़िया रहेगा