दिनांक : 25 अक्टूबर 2024

दिनांक : 25 अक्टूबर 2024

आज का पंचांग   


सूर्योदय का समय : प्रातः 06:28

सूर्यास्त का समय : सायं 05:41

 

चंद्रोदय का समय : रात्रि 12:54 (26 अक्टूबर)

चंद्रास्त का समय : दोपहर 02:03


तिथि संवत :-

दिनांक - 25 अक्टूबर 2024

मास -  कार्तिक

पक्ष - कृष्ण पक्ष

तिथि - नवमी शुक्रवार प्रातः कल 03:22 तक रहेगी

अयन -  सूर्य दक्षिणायण

ऋतु -  शरद ऋतु

विक्रम संवत - 2081

शाके संवत - 1946

सूर्यादय कालीन नक्षत्र :-

नक्षत्र - पुष्य नक्षत्र प्रातः 07:40 तक रहेगा इसके बाद अश्लेशा नक्षत्र  रहेगा

योग - शुभ योग कल प्रातः 05:27 तक रहेगा इसके बाद सिध्दि योग  रहेगा

करण - तैतिल करण दोपहर 02:35 तक रहेगा इसके बाद गर करण रहेगा

ग्रह विचार :-

सूर्यग्रह - तुला

चंद्रग्रह - कर्क

मंगलग्रह - कर्क

बुधग्रह - तुला

गुरूग्रह - वृष

शुक्रग्रह - वृश्चिक

शनिग्रह - कुम्भ

राहु - मीन

केतु - कन्या राशि में स्थित है

* शुभ समय *

अभिजित मुहूर्त :-

प्रातः 11:42 से दोपहर 12:27 तक  रहेगा

विजय मुहूर्त :-

दोपहर 01:57 से दोपहर 02:42 तक  रहेगा

गोधूलि मुहूर्त :-

सायं 05:41 से सायं 06:07 तक  रहेगा

निशिता मुहूर्त :-

रात्रि 11:40 से रात्रि 12:31 तक  रहेगा

ब्रह्म मुहूर्त :-

प्रातः 04:46 से प्रातः 05:37 तक रहेगा


* अशुभ समय * 

राहुकाल :-

प्रातः 10:41 से दोपहर 12:05 तक  रहेगा

गुलिक काल :-

प्रातः 07:52 से प्रातः 09:17 तक  रहेगा

यमगण्ड :-

दोपहर 02:53 से सायं 04:17 तक  रहेगा

दूमुहूर्त :-

प्रातः 08:43 से प्रातः 09:28 तक  रहेगा

दोपहर 12:27 से दोपहर 01:12 तक  रहेगा

वर्ज्य :-

रात्रि 09:35 से रात्रि 11:19 तक  रहेगा

गण्ड मूल :-

प्रातः 07:40 से प्रातः 06:29 (26 अक्टूबर) तक  रहेगा

दिशाशूल :-

पश्चिम दिशा की तरफ रहेगा यदि जरुरी हो तो चॉकलेट खाकर यात्रा कर सकते है

चौघड़िया मुहूर्त :-

दिन का चौघड़िया 

प्रातः 06:28 से 07:52 तक चर का

प्रातः 07:52 से 09:17 तक लाभ का

प्रातः 09:17 से 10:41 तक अमृत का

प्रातः 10:41 से 12:05 तक काल का

दोपहर 12:05 से 01:29 तक शुभ का

दोपहर 01:29 से 02:53 तक रोग का

दोपहर बाद 02:53 से 04:17 तक उद्वेग का

सायं 04:17 से 05:41 तक चर का चौघड़िया  रहेगा


रात का चौघड़िया

सायं 05:41 से 07:17 तक रोग का

रात्रि 07:17 से 08:53 तक काल का

रात्रि 08:53 से 10:29 तक लाभ का

रात्रि 10:29 से 12:05 तक उद्वेग का

अधोरात्रि 12:05 से 01:41 तक शुभ का

रात्रि 01:41 से 03:17 तक अमृत का

प्रातः (कल) 03:17 से 04:53 तक चर का

प्रातः (कल) 04:53 से 06:29 तक रोग का चौघड़िया रहेगा